श्रीलंका में साइक्लोन ‘दितवाह’ का कहर

श्रीलंका में साइक्लोन 'दितवाह' से तबाही


श्रीलंका में साइक्लोन 'दितवाह' का कहर और भारत की तैयारी

🔶 श्रीलंका में साइक्लोन 'दितवाह' से भारी तबाही

साइक्लोन ‘दितवाह’ ने श्रीलंका में व्यापक विनाश मचाया है। पिछले 24 घंटों में 300 mm (11.8 इंच) से अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है, जिससे कई क्षेत्रों में भूस्खलन (Landslides) की घटनाएँ सामने आई हैं।

श्रीलंका के पूर्वी और मध्य हिस्से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं।

तूफान की तीव्रता के कारण:

46 लोगों की मौत की पुष्टि

हजारों लोग विस्थापित

कई उड़ानें डायवर्ट

नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर

स्थानीय प्रशासन द्वारा तटीय क्षेत्रों में मछुआरों को सतर्क रहने की चेतावनी



🔶 चक्रवात ‘दितवाह’ का आगे का रास्ता — भारत की ओर बढ़ रहा है


श्रीलंका में तबाही मचाने के बाद यह चक्रवात अब भारत की ओर बढ़ रहा है। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार:

“चक्रवात दित्वा फिलहाल श्रीलंका के तटीय क्षेत्र पर केंद्रित है और कल सुबह तक यह श्रीलंका से निकलकर दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में पहुंचेगा। इसका सबसे बड़ा प्रभाव 29–30 नवंबर को दिखेगा।” — IMD महानिदेशक डॉ. मृत्युंजय महापात्रा

भारत के इन राज्यों के लिए अलर्ट:

तमिलनाडु

पुडुचेरी

आंध्र प्रदेश

तेलंगाना

केरल

इन क्षेत्रों में भारी से अत्यधिक भारी वर्षा की संभावना जताई गई है।


🔶 भारत की ओर से तत्काल मदद — ‘ऑपरेशन सागर बंधु’ शुरू

श्रीलंका में आई अप्रत्याशित बाढ़ और भूस्खलन से उत्पन्न संकट के बाद भारत ने तत्काल मानवीय सहायता भेजी है।

भारतीय वायु सेना की कार्रवाई

भारतीय वायु सेना का C-130 विमान

खाद्य सामग्री

स्वच्छता किट

आवश्यक राहत सामग्री
सहित शुक्रवार देर रात लगभग 1:30 बजे कोलंबो के भंडारनायके अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुँचा।

भारतीय उच्चायोग एवं श्रीलंका वायु सेना अधिकारियों ने विमान का स्वागत किया।


🔶 भारतीय नौसेना की बड़ी भूमिका — INS Vikrant और INS Udaygiri तैनात


भारत ने श्रीलंका की सहायता के लिए ‘ऑपरेशन सागर बंधु’ शुरू किया है। इसके तहत:

INS Vikrant

INS Udaygiri

द्वारा राहत सामग्री की पहली खेप श्रीलंका पहुंचाई गई।

यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब श्रीलंका ने बढ़ते जलस्तर और लगातार बारिश के कारण वेस्टर्न प्रोविंस में “अप्रत्याशित आपदा की स्थिति” घोषित की है।


🔶 कुल मिलाकर स्थिति
साइक्लोन ‘दितवाह’ ने श्रीलंका में:

भारी बाढ़

भूस्खलन

बुनियादी ढांचे को गंभीर क्षति

जन-धन हानि

जैसी परिस्थितियाँ पैदा कर दी हैं।
भारत राहत और बचाव के लिए निरंतर सहयोग प्रदान कर रहा है, जबकि चक्रवात का असर अब भारत के दक्षिणी राज्यों में भी दिखने की आशंका है।

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